कटिहार में शराब तस्करी पर बड़ा एक्शन, 64 लीटर विदेशी शराब जब्त

संवाददाता: मनोज कुमार
कटिहार/बिहार
कटिहार जिले में अवैध शराब के खिलाफ चलाए जा रहे सघन अभियान के तहत मद्य निषेध विभाग को एक बड़ी सफलता हाथ लगी है। विभाग की दो विशेष टीमों ने संयुक्त रूप से कार्रवाई करते हुए कटिहार जंक्शन एवं मनीयां रेलवे स्टेशन पर छापेमारी कर बंगाल से लाई जा रही भारी मात्रा में विदेशी शराब बरामद की है। इस दौरान दो महिला शराब तस्करों को गिरफ्तार किया गया, जबकि एक अज्ञात व्यक्ति के विरुद्ध भी अभियोग दर्ज किया गया है। इस कार्रवाई से जिले में शराब तस्करों के बीच हड़कंप मच गया है।
मिली जानकारी के अनुसार, मद्य निषेध विभाग को गुप्त सूचना मिली थी कि पश्चिम बंगाल से रेल मार्ग के जरिए अवैध रूप से विदेशी शराब की खेप कटिहार लाई जा रही है। सूचना की गंभीरता को देखते हुए विभाग ने त्वरित कार्रवाई करते हुए दो विशेष टीमों का गठन किया। टीमों को कटिहार जंक्शन और मनीयां रेलवे स्टेशन पर तैनात कर संदिग्ध यात्रियों और उनके सामान की सघन जांच शुरू की गई।
छापेमारी के दौरान रेलवे स्टेशन परिसर में मौजूद यात्रियों के सामान की तलाशी ली जा रही थी, तभी दो महिलाओं के बैग और बोरे संदिग्ध पाए गए। जब मद्य निषेध टीम ने उनकी गहन जांच की तो उनमें बड़ी मात्रा में विदेशी शराब और बीयर बरामद हुई। पूछताछ में महिलाएं कोई संतोषजनक जवाब नहीं दे सकीं, जिसके बाद उन्हें मौके पर ही गिरफ्तार कर लिया गया।
गिरफ्तार अभियुक्तों की पहचान सुमति मोसमात और सुलोचना देवी के रूप में की गई है।
प्रारंभिक जांच में यह सामने आया है कि दोनों महिलाएं संगठित गिरोह के लिए शराब तस्करी का काम कर रही थीं। आशंका जताई जा रही है कि इनके पीछे एक बड़ा नेटवर्क सक्रिय है, जो बंगाल से शराब की खेप बिहार के विभिन्न जिलों में सप्लाई करता है। इस कड़ी में एक अज्ञात व्यक्ति के विरुद्ध भी मामला दर्ज किया गया है, जिसकी तलाश में विभाग द्वारा छापेमारी तेज कर दी गई है।
मद्य निषेध विभाग ने इस कार्रवाई के दौरान कुल 64.680 लीटर अवैध विदेशी शराब एवं बीयर जब्त की है। जब्त शराब को विधिसम्मत प्रक्रिया के तहत कब्जे में लेते हुए उसे सुरक्षित स्थान पर रखा गया है। विभागीय सूत्रों के अनुसार, बरामद शराब की बाजार में कीमत लाखों रुपये आंकी जा रही है।
इस संबंध में मद्य निषेध विभाग के अधिकारियों ने बताया कि बिहार में पूर्ण शराबबंदी लागू होने के बावजूद तस्कर नए-नए तरीके अपनाकर अवैध शराब की तस्करी करने की कोशिश कर रहे हैं। हालांकि, विभाग द्वारा लगातार चलाए जा रहे विशेष अभियान और सघन निगरानी के कारण तस्करों की योजनाएं लगातार विफल हो रही हैं। रेलवे स्टेशन, बस स्टैंड और सीमावर्ती इलाकों पर विशेष नजर रखी जा रही है।
अधिकारियों ने यह भी बताया कि महिला तस्करों का इस्तेमाल कर शराब लाने का चलन हाल के दिनों में बढ़ा है, क्योंकि तस्कर यह मानते हैं कि महिलाओं पर संदेह कम किया जाएगा। लेकिन मद्य निषेध विभाग अब इस रणनीति को भी भांप चुका है और किसी भी प्रकार की ढिलाई नहीं बरती जा रही है। पुरुषों के साथ-साथ महिलाओं की भी बराबरी से जांच की जा रही है।
गिरफ्तार दोनों महिलाओं को मेडिकल जांच के बाद न्यायिक हिरासत में भेजने की प्रक्रिया की जा रही है। साथ ही उनसे पूछताछ कर यह पता लगाने का प्रयास किया जा रहा है कि शराब कहां से लाई गई थी, किसे सप्लाई की जानी थी और इस नेटवर्क में और कौन-कौन लोग शामिल हैं। विभाग को उम्मीद है कि पूछताछ के दौरान कई अहम खुलासे हो सकते हैं।
मद्य निषेध विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों ने साफ शब्दों में कहा है कि अवैध शराब के खिलाफ अभियान आगे भी लगातार जारी रहेगा। किसी भी हाल में शराब तस्करी को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। जो भी इस अवैध धंधे में संलिप्त पाया जाएगा, उसके खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी। आम जनता से भी अपील की गई है कि यदि उन्हें कहीं भी शराब तस्करी या अवैध शराब बिक्री की जानकारी मिले, तो तुरंत प्रशासन को सूचित करें।
स्थानीय लोगों ने भी मद्य निषेध विभाग की इस कार्रवाई की सराहना की है। लोगों का कहना है कि शराबबंदी के बाद से जिले में अपराध और घरेलू हिंसा के मामलों में कमी आई है, लेकिन तस्करों के कारण कभी-कभी स्थिति बिगड़ जाती है। ऐसे में विभाग की सख्त कार्रवाई से तस्करों के हौसले पस्त होंगे और कानून-व्यवस्था और मजबूत होगी।
गौरतलब है कि कटिहार जिला पश्चिम बंगाल की सीमा से सटा होने के कारण शराब तस्करों के लिए संवेदनशील क्षेत्र माना जाता है। इसी वजह से मद्य निषेध विभाग द्वारा यहां विशेष निगरानी रखी जाती है। समय-समय पर की जा रही छापेमारी और गिरफ्तारियों से यह स्पष्ट है कि विभाग अवैध शराब के खिलाफ किसी भी स्तर पर समझौता करने के मूड में नहीं है।
कुल मिलाकर, कटिहार में रेलवे स्टेशनों पर की गई यह कार्रवाई मद्य निषेध विभाग की सतर्कता और प्रतिबद्धता को दर्शाती है। आने वाले दिनों में भी इस तरह के अभियान जारी रहने की उम्मीद है, जिससे जिले को शराब तस्करी से मुक्त किया जा सके।
