पश्चिमी यूपी को बड़ी सौगात: बड़ौत से दो नई मेमू ट्रेनों की शुरुआत, दिल्ली–शामली दोहरीकरण का ऐलान

बागपत/बड़ौत। पश्चिमी उत्तर प्रदेश की रेलवे कनेक्टिविटी को नई दिशा देते हुए केंद्रीय रेल, सूचना एवं प्रसारण तथा इलेक्ट्रॉनिक्स एवं सूचना प्रौद्योगिकी मंत्री अश्विनी वैष्णव ने रविवार को बड़ौत रेलवे स्टेशन से दिल्ली–शामली के बीच दो नई मेमू ट्रेन सेवाओं को हरी झंडी दिखाई। इनके साथ ही इस क्षेत्र की वर्षों पुरानी मांग को पूरा करते हुए उन्होंने दिल्ली–शामली रेलखंड के दोहरीकरण की भी घोषणा की।

उद्घाटन समारोह में केंद्रीय कौशल विकास एवं उद्यमिता राज्य मंत्री जयंत चौधरी, बागपत के सांसद राजकुमार सांगवान, पूर्व सांसद डॉ. सत्यपाल सिंह, विधान परिषद सदस्य मोहित बेनीवाल, विधायक कृष्ण पाल मालिक, तथा बड़ौत नगर पालिका की चेयरपर्सन बबीता तोमर सहित बड़ी संख्या में स्थानीय जनप्रतिनिधि और नागरिक मौजूद रहे।
नई मेमू सेवाओं से यात्रा होगी आसान
रेल मंत्री ने कहा कि नई मेमू सेवाएं दिल्ली जंक्शन–शामली–दिल्ली जंक्शन तथा दिल्ली शाहदरा–शामली–दिल्ली शाहदरा रूट पर चलाई जाएंगी। इससे क्षेत्र के छात्रों, नौकरीपेशा लोगों, किसानों और दैनिक यात्रियों को बड़ा लाभ मिलेगा। उन्होंने कहा कि ये ट्रेनें किफायती, तेज और सुविधाजनक यात्रा का बेहतर विकल्प साबित होंगी।
शामली स्टेशन होगा वर्ल्ड-क्लास
श्री वैष्णव ने जानकारी दी कि ‘अमृत भारत स्टेशन योजना’ के तहत शामली स्टेशन को 25 करोड़ रुपये की लागत से अत्याधुनिक रूप देकर विकसित किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि यह परियोजना केवल स्टेशन सुधार नहीं बल्कि क्षेत्रीय आर्थिक विकास का आधार बनेगी।
रेल विकास में उत्तर प्रदेश अग्रणी
रेल मंत्री ने बताया कि:
- वर्ष 2014 के बाद उत्तर प्रदेश में 5,272 किमी नए ट्रैक बनाए गए, जो स्विट्ज़रलैंड के पूरे रेल नेटवर्क के बराबर है।
- पूरे प्रदेश में 100% रेलवे लाइन इलेक्ट्रिफिकेशन पूरा किया जा चुका है।
- 2014 के बाद 1,460 फ्लाईओवर और रोड अंडर ब्रिज बनाए गए हैं।
- यात्रियों की सुविधा के लिए विभिन्न स्टेशनों पर 154 लिफ्ट और 156 एस्केलेटर लगाए गए हैं।
- अब तक 771 स्टेशनों पर हाई-स्पीड वाईफाई सुविधा उपलब्ध है।
- प्रदेश में वर्तमान में 34 वंदे भारत एक्सप्रेस और 26 अमृत भारत एक्सप्रेस ट्रेनें संचालित हो रही हैं।
जनसमूह में उत्साह, नेताओं ने जताया आभार
दिल्ली–शामली रेलखंड दोहरीकरण की घोषणा होते ही स्टेशन परिसर तालियों से गूंज उठा। मंच पर मौजूद जनप्रतिनिधियों ने इस ऐतिहासिक फैसले के लिए रेल मंत्री का धन्यवाद करते हुए कहा कि यह निर्णय पश्चिमी यूपी के विकास और कनेक्टिविटी को नई ऊंचाई देगा।
