मानवाधिकार संगठन की पहल से 72 वर्षीय बुजुर्ग फलकधारी साह सुरक्षित पहुँचे घर

बांका जिले के सोभानपुर पंचायत के दुधारी गांव निवासी 72 वर्षीय फलकधारी साह, जो बीते पूजा के दिन से लापता थे, आखिरकार सुरक्षित अपने घर लौट आए। उन्हें खोजने में राष्ट्रीय मानवाधिकार जागरूकता संगठन के सदस्यों ने अहम भूमिका निभाई।
जानकारी के अनुसार, फलकधारी साह पूजा के दिन घर से यह कहकर निकले थे कि कपड़ा सिलवाने जा रहे हैं, लेकिन रात तक वापस नहीं लौटे। परिजनों ने उनकी खोजबीन की और अमरपुर थाना को सूचना दी, पर कोई सुराग नहीं मिला।
इसी बीच, सुपौल निवासी मानवाधिकार कार्यकर्ता गुड्डू यादव ने उन्हें देखा और भागलपुर जिला के संगठन सदस्य अंशु कुमार को सूचना दी।अंशु कुमार ने तुरंत सोभानपुर पंचायत के उपमुखिया सुनील कुमार से संपर्क किया और फलकधारी साह की पहचान की पुष्टि की। इसके बाद परिवार के सदस्य नेपाल तक जाकर उन्हें लेकर आए।फलकधारी साह ने बताया कि वे इंग्लिश मोड़ से हंसडिया जाने के लिए वाहन में बैठे थे,
लेकिन रास्ते में दिशा भटक जाने के कारण दूर निकल गए और उन्हें कुछ समझ नहीं आया कि वे कहाँ पहुँच गए।इस दौरान राष्ट्रीय मानवाधिकार जागरूकता संगठन के जिला अध्यक्ष मानस कुमार, कार्तिक कुमार, विवेक कुमार और विकास कुमार अमरपुर थाना क्षेत्र के दुधारी गांव पहुँचे और फलकधारी साह से मिलकर उनका हालचाल लिया।संगठन का राष्ट्रीय कार्यालय लोदीपुर खुर्द (भागलपुर) में स्थित है।
संगठन के प्रदेश महासचिव (बिहार) पर्यावरण प्रकोष्ठ मानस कुमार, जिला अध्यक्ष (विधि प्रकोष्ठ) मनीष कुमार, जिला मुख्य कार्यकारिणी अध्यक्ष कार्तिक कुमार, जिला महासचिव (पर्यावरण प्रकोष्ठ) विवेक कुमार तथा सबौर प्रखंड अध्यक्ष विकास कुमार ने इस कार्य में सक्रिय भूमिका निभाई।
