राष्ट्रीय महिला दिवस पर कस्तूरबा गांधी बालिका विद्यालय एवं मध्य विद्यालय जगदीशपुर में जागरूकता कार्यक्रम आयोजित

जगदीशपुर, 13 फरवरी 2026 — राष्ट्रीय महिला दिवस के अवसर पर कस्तूरबा गांधी बालिका विद्यालय जगदीशपुर तथा मध्य विद्यालय जगदीशपुर में एक प्रेरणादायक कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम की शुरुआत भारत कोकिला के नाम से विख्यात सरोजिनी नायडू के चित्र पर माल्यार्पण एवं पुष्प अर्पित कर श्रद्धांजलि देने के साथ हुई।
विद्यालय परिवार के शिक्षकों एवं छात्राओं ने उनके व्यक्तित्व एवं कृतित्व को याद करते हुए उन्हें नमन किया। इसके पश्चात चेतना सत्र के दौरान छात्राओं को सरोजिनी नायडू के जीवन, उनके संघर्ष, साहित्यिक योगदान तथा स्वतंत्रता आंदोलन में निभाई गई उनकी महत्वपूर्ण भूमिका के बारे में विस्तार से जानकारी दी गई।
नारी शिक्षा पर हुई विशेष परिचर्चा
कार्यक्रम के दौरान छात्राओं के बीच नारी शिक्षा के महत्व पर विशेष परिचर्चा आयोजित की गई। इस चर्चा में बताया गया कि शिक्षित महिला न केवल अपने परिवार बल्कि पूरे समाज को सशक्त बनाती है।
शिक्षकों ने छात्राओं को प्रेरित करते हुए कहा कि शिक्षा ही महिलाओं के आत्मनिर्भर बनने का सबसे मजबूत माध्यम है। उन्होंने छात्राओं से अपने सपनों को पहचानने और उन्हें साकार करने के लिए निरंतर प्रयासरत रहने का आह्वान किया।
रचनात्मक प्रतियोगिताओं का आयोजन
इस अवसर पर छात्राओं के लिए निबंध लेखन, चित्रांकन, स्लोगन लेखन सहित विभिन्न रचनात्मक गतिविधियों का आयोजन किया गया। इन प्रतियोगिताओं का उद्देश्य छात्राओं में आत्मविश्वास विकसित करना तथा महिला सशक्तिकरण के प्रति जागरूकता बढ़ाना था।
छात्राओं ने “बेटी पढ़ाओ”, “नारी शक्ति – राष्ट्र की शक्ति” तथा “शिक्षित महिला, सशक्त समाज” जैसे विषयों पर अपने विचार प्रस्तुत किए। चित्रांकन के माध्यम से छात्राओं ने महिलाओं की भूमिका, शिक्षा के महत्व एवं समाज में उनके योगदान को प्रभावशाली ढंग से प्रदर्शित किया।
शिक्षकों की रही सक्रिय भागीदारी
कार्यक्रम को सफल बनाने में विद्यालय परिवार की सक्रिय भागीदारी रही। इस अवसर पर प्रधानाध्यापक आशुतोष चन्द्र मिश्र, वार्डेन सपना कुमारी, शिक्षिका वीणा कुमारी, फूल कुमारी, शाहिना खातून, प्रज्ञा, प्रतिमा मिश्रा, प्रीति कुमारी, भारती कुमारी, वीवी नाहिदा, मीनाक्षी कुमारी सहित सभी छात्र-छात्राएँ उपस्थित रहे।
छात्राओं में दिखा उत्साह
पूरे कार्यक्रम के दौरान छात्राओं में उत्साह और ऊर्जा देखने को मिली। उन्होंने न केवल प्रतियोगिताओं में बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया, बल्कि महिला सशक्तिकरण से जुड़े संदेशों को आत्मसात करने की प्रतिबद्धता भी दिखाई।
महिला सशक्तिकरण का दिया संदेश
कार्यक्रम के अंत में शिक्षकों ने छात्राओं को संदेश दिया कि महिलाएं समाज की आधारशिला हैं और उनका सम्मान, शिक्षा एवं सशक्तिकरण समाज की प्रगति के लिए आवश्यक है।
राष्ट्रीय महिला दिवस के इस आयोजन ने छात्राओं को प्रेरित किया कि वे अपने अधिकारों के प्रति जागरूक बनें, आत्मविश्वास के साथ आगे बढ़ें और समाज में सकारात्मक बदलाव की वाहक बनें।
इस अवसर पर विद्यालय परिसर में शिक्षा, समानता और महिला सम्मान का संदेश गूंजता रहा, जिसने पूरे वातावरण को प्रेरणादायक बना दिया।
