भाजपा से टिकट नहीं मिलने पर डॉ. प्रीति शेखर लड़ेंगी निर्दलीय चुनाव, कहा — “पार्टी ने नहीं दिया, भागलपुर वालों ने टिकट दे दिया”

भागलपुर
भागलपुर विधानसभा क्षेत्र से भाजपा से टिकट नहीं मिलने के बाद नाराज भाजपा मीडिया पैनलिस्ट डॉ. प्रीति शेखर ने शनिवार को निर्दलीय चुनाव लड़ने का ऐलान किया। इस घोषणा के साथ ही भागलपुर की राजनीति में नई हलचल तेज हो गई है।
शनिवार को गौशाला परिसर में शहरवासियों के साथ हुई बैठक में डॉ. शेखर ने जनता से राय मांगी। बैठक में मौजूद समर्थकों, सामाजिक कार्यकर्ताओं और स्थानीय लोगों ने सर्वसम्मति से निर्णय लिया कि वे चुनाव मैदान में उतरें। इसी दौरान सभी ने उन्हें समर्थन देने का संकल्प भी दोहराया।
बैठक के बाद मीडिया से बातचीत में डॉ. प्रीति शेखर ने कहा,
“पार्टी ने हमें टिकट नहीं दिया, लेकिन भागलपुर की जनता ने हमें टिकट दे दिया है। अब हम जनता के टिकट पर चुनाव लड़ेंगे, क्योंकि पार्टी के टिकट से बड़ा जनता का टिकट होता है।”
उनके इस बयान के बाद राजनीतिक गलियारों में चर्चा तेज हो गई है। माना जा रहा है कि डॉ. शेखर के निर्दलीय मैदान में उतरने से भाजपा समेत अन्य दलों के समीकरण प्रभावित हो सकते हैं।
स्थानीय राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि डॉ. प्रीति शेखर लंबे समय से भाजपा संगठन में सक्रिय रहीं हैं और शहर में उनकी अच्छी जनसंपर्क पकड़ है। ऐसे में उनके स्वतंत्र उम्मीदवार बनने से चुनावी समीकरणों पर खास असर पड़ना तय माना जा रहा है।
गौरतलब है कि भाजपा ने इस बार भागलपुर सीट पर अपने प्रत्याशी के रूप में अन्य नाम को प्राथमिकता दी है, जिससे पार्टी के कुछ स्थानीय कार्यकर्ताओं में असंतोष की स्थिति भी बनी हुई है। अब डॉ. प्रीति शेखर का यह कदम आने वाले दिनों में भागलपुर की राजनीति में दिलचस्प मोड़ ला सकता है।
