बरारी घाट पर नाव-जेटी परिचालन व्यवस्था का डीएम और एसएसपी ने किया निरीक्षण, सुरक्षा व्यवस्था दुरुस्त रखने के निर्देश

भागलपुर, संवाददाता।
भागलपुर के बरारी घाट पर रविवार को जिला प्रशासन और पुलिस प्रशासन की ओर से नाव एवं जेटी परिचालन व्यवस्था का संयुक्त निरीक्षण किया गया। निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी भागलपुर एवं वरीय पुलिस अधीक्षक भागलपुर ने घाट पर संचालित हो रही यात्री सेवाओं, सुरक्षा व्यवस्था, आपदा प्रबंधन की तैयारियों तथा यात्रियों को उपलब्ध कराई जा रही सुविधाओं का गहन जायजा लिया। अधिकारियों ने संबंधित विभागीय पदाधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश देते हुए आम लोगों की सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देने पर विशेष बल दिया।
निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने घाट पर संचालित नावों की क्षमता, यात्रियों की संख्या, लाइफ जैकेट की उपलब्धता, जेटी की मजबूती तथा नावों के नियमित संचालन से संबंधित कई महत्वपूर्ण पहलुओं की जानकारी ली। उन्होंने स्पष्ट निर्देश दिया कि नाव परिचालन के दौरान सुरक्षा मानकों में किसी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। प्रत्येक नाव में पर्याप्त संख्या में लाइफ जैकेट रखना अनिवार्य होगा तथा क्षमता से अधिक यात्रियों को बैठाने पर संबंधित नाव संचालकों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
वरीय पुलिस अधीक्षक ने घाट क्षेत्र में तैनात पुलिस पदाधिकारियों और जवानों को निर्देश देते हुए कहा कि यात्रियों की सुरक्षा सुनिश्चित करना प्रशासन की पहली जिम्मेदारी है। उन्होंने कहा कि घाट पर भीड़ नियंत्रण, संदिग्ध गतिविधियों पर नजर तथा किसी भी आपात स्थिति में त्वरित कार्रवाई के लिए पुलिस टीम पूरी तरह सतर्क रहे। इसके साथ ही महिला यात्रियों और बच्चों की सुरक्षा को लेकर भी विशेष निगरानी रखने का निर्देश दिया गया।
निरीक्षण के दौरान अधिकारियों ने जेटी के आसपास की साफ-सफाई व्यवस्था का भी जायजा लिया। जिलाधिकारी ने नगर निगम एवं संबंधित विभागों को निर्देश दिया कि घाट परिसर में स्वच्छता बनाए रखने के लिए नियमित सफाई अभियान चलाया जाए। उन्होंने कहा कि बरारी घाट शहर का एक महत्वपूर्ण स्थल है, जहां प्रतिदिन बड़ी संख्या में लोग आते-जाते हैं। ऐसे में यात्रियों को स्वच्छ एवं सुरक्षित वातावरण उपलब्ध कराना प्रशासन की प्राथमिकता होनी चाहिए।
अधिकारियों ने आपदा प्रबंधन से जुड़ी तैयारियों की भी समीक्षा की। इस दौरान नाव दुर्घटना या किसी अन्य आपात स्थिति से निपटने के लिए उपलब्ध संसाधनों की जानकारी ली गई। जिलाधिकारी ने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिया कि घाट पर बचाव दल, मोटरबोट, प्राथमिक उपचार किट एवं आपातकालीन उपकरण हर समय उपलब्ध रहें। साथ ही एनडीआरएफ और एसडीआरएफ की टीमों के साथ समन्वय बनाकर नियमित मॉक ड्रिल कराने पर भी जोर दिया गया ताकि किसी भी आकस्मिक घटना की स्थिति में तत्काल राहत एवं बचाव कार्य शुरू किया जा सके।
निरीक्षण के दौरान स्थानीय लोगों एवं यात्रियों ने भी अधिकारियों के समक्ष अपनी समस्याएं रखीं। कई लोगों ने घाट पर यात्री शेड, पेयजल, शौचालय तथा प्रकाश व्यवस्था को और बेहतर बनाने की मांग की। इस पर जिलाधिकारी ने संबंधित विभागों को आवश्यक कार्रवाई करने का निर्देश देते हुए कहा कि यात्रियों की सुविधाओं में किसी प्रकार की कमी नहीं रहने दी जाएगी। उन्होंने कहा कि बरारी घाट पर लगातार यात्रियों की संख्या बढ़ रही है, इसलिए आधारभूत सुविधाओं को और मजबूत करना आवश्यक है।
एसएसपी ने नाव संचालकों से बातचीत करते हुए उन्हें सुरक्षा नियमों का पूरी तरह पालन करने की हिदायत दी। उन्होंने कहा कि प्रशासन का उद्देश्य लोगों को सुरक्षित और बेहतर सुविधा उपलब्ध कराना है। यदि कोई नाव चालक नियमों का उल्लंघन करता पाया गया तो उसके खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने यात्रियों से भी अपील की कि नाव पर यात्रा करते समय सुरक्षा नियमों का पालन करें और प्रशासन द्वारा जारी निर्देशों का सहयोग करें।
निरीक्षण के दौरान घाट पर मौजूद लोगों में प्रशासनिक सक्रियता को लेकर संतोष देखा गया। स्थानीय लोगों ने कहा कि बरारी घाट पर प्रतिदिन बड़ी संख्या में लोग नाव से आवागमन करते हैं, इसलिए यहां सुरक्षा व्यवस्था मजबूत रहना बेहद जरूरी है। लोगों ने उम्मीद जताई कि प्रशासन के इस निरीक्षण से घाट की व्यवस्थाओं में और सुधार होगा।
जिलाधिकारी ने कहा कि बरारी घाट केवल आवागमन का साधन नहीं बल्कि शहर की महत्वपूर्ण पहचान भी है। यहां आने वाले लोगों की सुरक्षा सुनिश्चित करना प्रशासन की जिम्मेदारी है। उन्होंने कहा कि समय-समय पर निरीक्षण कर व्यवस्थाओं की समीक्षा की जाती रहेगी ताकि किसी प्रकार की लापरवाही की गुंजाइश न रहे।
निरीक्षण के अंत में अधिकारियों ने संबंधित विभागों को निर्देश दिया कि घाट पर सभी सुरक्षा मानकों का सख्ती से पालन सुनिश्चित किया जाए। नावों की नियमित जांच, लाइफ सेविंग उपकरणों की उपलब्धता तथा आपदा प्रबंधन टीम की सक्रियता बनाए रखने के निर्देश दिए गए। साथ ही घाट पर सीसीटीवी निगरानी बढ़ाने और यात्रियों के लिए जागरूकता अभियान चलाने पर भी जोर दिया गया।
प्रशासन की इस पहल से बरारी घाट पर आने-जाने वाले यात्रियों में सुरक्षा को लेकर भरोसा बढ़ा है। जिला प्रशासन एवं पुलिस प्रशासन ने स्पष्ट किया कि आमजन की सुरक्षा के साथ किसी प्रकार का समझौता नहीं किया जाएगा और सभी व्यवस्थाओं को लगातार बेहतर बनाने की दिशा में कार्य जारी रहेगा।
